Soham Guru Dev

सोहम् परम् सत्यम्
सोहम् – अर्थात
सो + हम् – सो…हम्
सो – साँस लेना…………….
………..क्षणिक विराम् लेना
हम्……….. साँस को छोड़ना

जन्म होना, जीवन को जीना, जीवन का समाप्त होना,
जीवन के तीनों सोपान सोहम में समाहित हैं या जीवन के तीनों सोपानों की एक शब्द में व्याख्या ही सोहम् है|
व सोहम् ही जीवन का परम सत्य है

सोहम् को आत्मसात् करना अर्थात :-

जीवन की पहचान करना, जीवन के अंदर परम तत्व को ढूढ़ना, जाननें की प्रक्रिया को आरम्भ करना और अंत में जानकर परम् तत्व अर्थात परम् पिता, परमात्मा निर्गुण निराकार सत्ता में स्वयं को विलीन कर देना| अर्थात मोक्ष को प्राप्त कर लेना यही एक मात्र लक्ष्य प्रत्येक मनुष्य का होता है|